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एनएच-130 पर भीषण सड़क हादसा: अनियंत्रित ऑल्टो कार के उड़े परखच्चे, दो की मौत, दो गंभीर

एनएच-130 पर भीषण सड़क हादसा: अनियंत्रित ऑल्टो कार के उड़े परखच्चे, दो की मौत, दो गंभीर

कटघोरा कोरबी-मोरगा: अंबिकापुर–कटघोरा राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-130) पर बीती रात एक रोंगटे खड़े कर देने वाला सड़क हादसा पेश आया। ग्राम केंद्ई आश्रम स्थित तिवारी ढाबा के पास एक तेज रफ्तार ऑल्टो कार अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस हृदयविदारक घटना में दो लोगों की जान चली गई है, जबकि दो अन्य जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे हैं।

आधी रात का मंजर: चीख-पुकार से दहला इलाका

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसा रात लगभग 11:30 बजे हुआ। कार अंबिकापुर की ओर से चोटिया की तरफ अत्यंत तेज गति से आ रही थी। केंद्ई आश्रम के पास पहुंचते ही चालक वाहन पर से नियंत्रण खो बैठा और कार सड़क किनारे जबरदस्त तरीके से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि वाहन का अगला हिस्सा पूरी तरह पिचक गया और इंजन के टुकड़े सड़क पर बिखर गए।

हताहतों का विवरण

​इस सड़क हादसे ने दो परिवारों की खुशियां छीन लीं:

  • धनपत अहीर (45 वर्ष): ग्राम सरमा निवासी धनपत की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।
  • अज्ञात युवक: इलाज के दौरान एक अन्य युवक ने दम तोड़ दिया।
  • पप्पू पटेल (कोरबी निवासी): इनकी स्थिति अत्यंत नाजुक बनी हुई है।
  • चौथा घायल: एक अन्य युवक भी गंभीर रूप से जख्मी है, जिसकी पहचान की जा रही है।

पुलिस और प्रशासन की त्वरित कार्रवाई

​घटना की सूचना मिलते ही मोरगा चौकी प्रभारी पुलिस टीम के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे। क्षतिग्रस्त वाहन के भीतर फंसे घायलों और शवों को कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला गया। डायल 112 की मदद से सभी घायलों को तत्काल पोड़ी उपरोड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें उच्च संस्थान (हायर सेंटर) रेफर कर दिया गया है।

क्षेत्र में शोक की लहर और सुरक्षा पर सवाल

​हादसे की खबर फैलते ही देर रात तक ग्रामीणों का हुजूम मौके पर जमा रहा। इस घटना ने एक बार फिर NH-130 पर सुरक्षा मानकों की पोल खोल दी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि:

  • ​तेज रफ्तार वाहनों पर अंकुश लगाने के लिए कोई ठोस व्यवस्था नहीं है।
  • ​रात के समय ब्लैक स्पॉट्स पर संकेतक और पर्याप्त रोशनी का अभाव रहता है।
  • ​नशे में ड्राइविंग या थकान भी हादसों का बड़ा कारण बन रही है।

जांच जारी

​पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और क्षतिग्रस्त वाहन को सड़क से हटवाकर यातायात बहाल किया। प्रारंभिक जांच में दुर्घटना का मुख्य कारण अत्यधिक तेज रफ्तार माना जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो पाएगी।

सावधानी ही सुरक्षा है: यह हादसा हमें याद दिलाता है कि सड़कों पर रफ्तार से ज्यादा कीमती आपकी जिंदगी है। कृपया रात्रि में वाहन चलाते समय गति सीमा का पालन करें।

 


विनोद जायसवाल
विनोद जायसवाल
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